गूगल अनुवाद करे (विशेष नोट) :-
Skip to main content
क्या आपको होने वाला सिर दर्द भी माइग्रेन हैं? पढ़िए माइग्रेन होने के कारण एवं उसके उपचार के तरीके 'क्या कभी अनुपम, दादी को वापिस ला पायेगा? या परिवार ने उन्हें मरता छोड़ दिया?' पढ़िए, न्यूरोलॉजिकल बीमारी पर आधारित एक रोचक मरीज कथा- 'अन्दर कोई है क्या?' ज्ञान के इस विशद सागर में गोते लगाने के लिए आपका स्वागत हैं न्यूरो ज्ञान सागर में गहरी पैठ लगाईये और ढेर सारे मोती बीन लाइयें कुछ मित्रों ने पूछा - यह वेबसाइट अंग्रेज़ी में क्यों नहीं? हमने कहा - भरें को क्या भरना? www.neurogyan.com Website is a Labour of Love for Dr. Apoorva Pauranik क्यों आते हैं बच्चों में बुखारी दौरे? क्या यह भी मिर्गी के लक्षण हैं? पढ़े बुखारी दौरों के बारे में विस्तृत लेख
 

होम

लिंक कॉपी की गई हैं

नमस्ते, आपका स्वागत हैं 

इस जाल स्थल (वेब साइट) “न्यूरो ज्ञान” पर आपका स्वागत हैं।  

“इंटरनेट पर ज्ञान या बात आकाश में तिरोहित हो जाते हैं।” ऐसा कहा एक हिंदी लेखक ने| क्या सच में पुरानी आदतों के चलते, छपे-लिखे को कागज पर पढ़ना आसान प्रतीत होता है? पुस्तक या पत्रिका या अखबार की सशरीर उपस्थिति हमें भरोसा दिलाती है कि माध्यम व संदेश दोनों क्षणभंगुर या वायव्य नहीं है। इंटरनेट को लेकर ऐसा सुभीता और विश्वास अभी नहीं विकसित हुआ है। हिंदी व भारतीय भाषाओं में तो बहुत ही कम। जबकि ऐसा होना नहीं चाहिए। विश्वव्यापी संजाल (www – वर्ल्ड वाईड वेब) की यह दुनिया नितांत वास्तविक है। उसकी पहुंच, उपयोगिता और प्रभाव बढ़ना ही है।

एक न्यूरोलॉजिस्ट और बहुविध विषयों के अध्येता के रूप में मैंने महसूस किया कि मैं अपने ज्ञान, विचार व अन्य गतिविधियों की जानकारी एक जालस्थल (वेबसाइट) पर मुहैया करा सकता हूं। इसके पीछे निहित विचारों, भावनाओं, कल्पनाओं और योजनाओं को आप एक अन्य लेख में पाएंगे। “मेरा मानस”।

वैसे तो इस वेबसाइट का नाम ‘न्यूरोज्ञान’ है फिर भी यहाँ मेरे अन्य आलेख (जिनका न्यूरोलॉजी विज्ञान से कोई संबंध न हो) यहां उपलब्ध है। इसमें निबंध, कथा, यात्रा वर्णन, पत्राचार आदि शामिल है। किसी भी ज्ञान की निष्पत्ति चूँकि अततः मस्तिष्क में ही होती है, इसलिए “सबैज्ञान-न्यूरोज्ञान” ।

हमारा मस्तिष्क (ब्रेन/दिमाग) शरीर का सबसे महत्वपूर्ण अंग हैं। हमारी पहचान हमारे सिर के अन्दर स्थित दिमाग से होती हैं। मस्तिष्क में किन्हीं खराबियों के कारण अनेक न्यूरोलॉजिकल रोग होते हैं जो बहुत कॉमन हैं और बड़ी संख्या में लोगों को होते हैं। न्यूरोविज्ञान (न्यूरोसाइंस) के बारे में जानना बहुत रोचक और महत्वपूर्ण हैं। हिंदी में वैज्ञानिक विषयों पर विशेष रूप से न्यूरोलॉजी के बारे में प्रमाणिक व आधुनिक ज्ञान पर्याप्त रूप में उपलब्ध कराना हमारा उद्देश्य हैं।

हमारी वेबसाइट की भाषा ना तो अत्यंत कठिन है, ना अत्यंत सरल। 12वीं कक्षा तक पढ़ा नागरिक भली-भांति इन लेखों को आसानी से समझ पाएगा।

अपनी बात के विभिन्न वीडियोंस देखने के लिये यहाँ क्लिक करें

न्यूरोज्ञान के विभिन्न खंड

स्थिर चित्र संग्रह : – 

वेबसाइट के गृह पृष्ठ के उपरी बायें भाग में अनेक Still Images (स्थिर चित्र) के संग्रह में से एक एक करके चित्र बदलते हैं, जिन पर कर्सर ले जाने से शीर्षक दिखता है और किन्ही किन्हीं  में क्लिक करने पर सम्बंधित लेख खुलता है।

वीडियो संग्रह :-

वेबसाइट के गृह पृष्ठ के उपरी दायें भाग में अनेक लघु वीडियों के संग्रह में से एक एक करके वीडियो बदलते हैं , जिन पर कर्सर ले जाने से शीर्षक दिखता है और किन्ही किन्हीं  में क्लिक करने पर सम्बंधित लेख खुलता है।

उक्तियाँ :-

वेबसाइट के गृह पृष्ठ के ऊपरी मध्य भाग में अनेक उक्तियों (Quotations) के संग्रह में से एक एक करके अनेक उक्तियाँ बदलती है और इस क्लिक करने पर एक उक्ति संग्रह खुल जाता है।

अपनी बात :-

वेब साईट के गृह पृष्ठ के मध्य भाग में बायीं तरफ डॉ. अपूर्व पौराणिक के लघु वीडियों व्यक्तव्यों के संग्रह में से एक एक करके नयें-पुराने वीडियों(एक-दो मिनिट के ) को देखा सुना जा सकता है।

न्यूरोलॉजी  शीर्षक के अन्दर छः उपशीर्षक है :-

  1. न्यूरोलॉजी क्या है?
  2. न्यूरोलॉजिकल बीमारियों के लक्षण (Symptoms)
  3. न्यूरोलॉजिकल बीमारियों का निदान – प्रयोगशाला जांचें
  4. न्यूरोलॉजिकल बीमारियों का एक एक करके वर्णन
  5. न्यूरोलॉजिकल बीमारियों के उपचार की विधियाँ
  6. न्यूरोलॉजिकल बीमारियों का सामुदायिक बोझ

चिट्ठा संसार :-

डॉ. अपूर्व पौराणिक द्वारा पढ़ने के अध्ययन करने के, लिखने के और बोलने के विषयों की सूचि लम्बी और विविध है। न्यूरोलॉजी आपका मूल विषय है।  उसके परे अनेक सब्जेक्ट्स पर डॉ पौराणिक समय समय पर लिखते रहे है।  उनमें से अनेक आलेख यहाँ ब्लाग्स के रूप में दिये जा रहे है।  ये पुराने है, नए हैं, लघु या विस्तृत है, हिंदी व अंग्रेजी में है, कुछ सरल हैं, कुछ उच्च स्तर के है।

A. विज्ञान / Science
B. चिकित्सा शिक्षा/Medical Education

C. चिकित्सा विज्ञान, चिकित्सा शिक्षा और चिकित्सा व्यवस्था/Medical science, medical education and health system
D. न्यूरोविज्ञान/Neuroscience
E. समाज विज्ञान / राजनीती/Social science & Politics
F. हिंदी एवं अन्य भाषाएं/Hindi & other Languages
G. रिलिजन/Religion
H. यात्रा का वर्णन/Travelogues
I. पत्राचार/Letter by Dr. Apoorva Pauranik
J. डायरी अंश / भाषण अंश
K. अन्य बीमारियाँ

मरीज कथाएँ :-

मरीज कथाए या क्लिनिकल टेल्स, साहित्य की एक विशिष्ठ विधा है । जिसमें एक या अधिक रोगों के साथ जिंदगी गुजारने वालों की दास्ता बयां होती है । यूँ तो पुरे विश्व साहित्य में किसी न किसी पात्र में, कहानी के किसी न किसी दौर में, कोई न कोई बिमारी का उल्लेख आ सकता है । ये रोग गंभीर, जानलेवा, पीडा दायक और विकलांगताकारी हो सकते है ।
Clinical Tales में पात्रो के अनुभव, दु:ख दर्द, संघर्ष, जय-पराजय, तपिश, सहनशीलता, दार्शनिकता, नियति की स्विकार्यता और उस के अनुरुप स्वयं को ढालने के हालातों का वर्णन होता है । अनेक रोग इंसान के चरित्र व  पह्चान (Identity) को बदल देते है । जानने वाले कह्ते है “अब वह, पहले वाला वह नही है।”

हमसे पूछिए :-

इस वेबसाइट (जालस्थल) को एकमार्गीय होने से बचाने की कोशिश की गई है। एकमार्गीय का अर्थ है सिर्फ ‘प्रस्तोता से पाठकों की दिशा में’। भेंटकर्ताओं, पाठकों, सदस्य आदि से विपरीत दिशा में प्रवाह के कुछ द्वार खुले हैं। हमसे पूछियें में आपकी टिप्पणियों, सुझावों और प्रश्नों का स्वागत है। यदि आप चाहें तो अपने नाम को गुप्त रखते हुए केवल अपना प्रश्न या टिपण्णी यहां प्रस्तुत कर सकते हैं या यदि इच्छा हो कि अन्य सभी लोग उसे पढ़ पाए तथा प्रतिक्रिया व्यक्त कर पाए तो उसे सूचनापट्ट(बुलेटिन बोर्ड) पर छोड़ सकते हैं।

वाचाघात अफेज़िया :-

मस्तिष्क रोगों में व्यक्ति की भाषा-संवाद, उच्चारण, कथन – सुनकर समझना, पढना, पढ़कर समझना, लिखना-आदि का कौशल कम हो जाता है। इस अवस्था के निदान, उपचार, शिक्षा, जागरूकता और पैरवी से सम्बंधित सामग्री

शोध का सीमांत :-

शिक्षा, जागरूकता और पैरवी से सम्बंधित सामग्री उक्त स्तम्भ में न्यूरोलॉजी व विज्ञान की अन्य शाखाओं से सबंधित नूतन रिसर्च के समाचार आते रहेंगे।

पुस्तक उल्लेख व समीक्षा :-

इस खंड में इस वेबसाइट के मेजबान (डॉ अपूर्व पुराणिक) द्वारा पढ़ी गई और सराही गई पुस्तकों के बारे में संक्षिप्त टिप्पणीयाँ हैं। इनका विषय न्यूरोलॉजी के साथ कुछ अन्य भी हो सकता है। ना पढ़ी गई परंतु उपलब्ध सूचनाओं के आधार पर मरीजों के लिए उपयोगी समझी गई पुस्तकों की सूची भी दी गई है।

विज्ञान और मानविकी :-

डॉ. अपूर्व पौराणिक की मान्यता है कि विज्ञान और मानविकी दो विपरीत ध्रुवों के समान एक दूसरे विरोधी नहीं है, बल्कि रथ के दो पहियों के रूप में पूरक हैं। विज्ञान के छात्रों को मानविकी का परिचय और कला के छात्रों को विज्ञान का परिचय होना आवश्यक है

पिटारा :-

पिटारा में हैं मुंबई की भेल-पुरी या कोलकाता की झाल-मुरी या इंदौर का सेव-मिक्श्चर| या हमारी सीधी सादी खिचड़ी| छोटी मोटी बातें| इधर उधर के चर्चें| कुछ रोचक तथ्य| तितर बितर सी बातें जिनमें एक अद्रश्य तारतम्य हैं| मूल उद्देश्य वही हैं: न्यूरोलॉजी तथा सबै-ज्ञान – न्यूरोज्ञान में इजाफ़ा करना हैं| उस हेतु आप भेंटकर्ताओं को यहाँ आकर्षित करना, बांधे रखना|

महत्वपूर्ण खंड :-

अ. छुटपुट जानकारियां (Trivia)

अंग्रेजी शब्द Trivia का भावार्थ यूँ तो कोई बहुत अच्छा नहीं हैं – Bits of Information of Little Consequence. कम महत्व की छुट-पुट जानकारियाँ|

हिन्दी में ‘नगण्य’ या ‘तुच्छ’|

इसके बावज़ूद पत्रकारिता, साहित्य और क्विज़ की दुनिया में त्रिविया (Trivia) का एक ख़ास स्थान हैं| यह चिल्लर के समान हैं| न जाने कब, कहाँ, कैसे काम आ जावे| जोड़ जोड़ कर रखों तो बड़ी बात बना देवे| यदि कोई गूगल पर ढूंडे – Some good trivia topics – तो ढेर सारे मिल जायेंगे|

ब. हंसी ठिठोली

न्यूरोलॉजी व हास्य से सम्बंधित अनेक पहलू, अनेक सामग्री, यहाँ सहेजे जा रहे हैं| जैसे कि चुटकुले, one Liners, कार्टून्स, मनोरंजक घटनायें, व्यंग आदि|

स. उक्तियाँ

पारिभाषिक शब्दावली :-

इस खंड में अंग्रेजी तकनीकी शब्दों के हिंदी पर्यायवाची अर्थ दिए गए हैं। इन्हें दोनों भाषाओं के वर्णमाला क्रम से जमाया गया है। हमारे दृढ़ मान्यता है कि हिंदी में चिकित्सा विज्ञान के जटिल तथ्यों, सिद्धांतों और परिकल्पना को अभिव्यक्त करने की पर्याप्त क्षमता है। हिंदी में विज्ञान इसलिए कठिन प्रतीत होता है कि हमने उस स्तर की भाषा न सीखी, न काम में लाई।

मल्टीमीडिया (दृश्य-श्रव्य) :-

यह खण्ड एक खजाना है जिसमे अनेक प्रकार के फोटो एल्बम, कला कृतियाँ, पेंटिंग्स, स्केचेस, संग्रहित किये गए हैं, जो तंत्रिका तंत्र के विभिन्न भागों जैसे मस्तिष्क, मेरु तंत्रिका, नाड़ियाँ आदि की रचना व कार्य विधि समझाने वाले हैं। न्यूरोलॉजी व कला के बीच गहरे अन्तरसंबंधों पर अनेक कृतियां हैं। जन स्वास्थ्य, मरीज़ शिक्षा तथा स्वास्थ्य कर्मियों की शिक्षा हेतु पोस्टर व कार्टून होंगे। इन्हीं उद्देश्यों के लिए अनेक एनिमेशन तथा वीडियो का संग्रह भी उपलब्ध होगा। स्वास्थ्य संदेशों के प्रसार हेतु नारो (स्लोगन) या सूत्र वाक्यों की एक बड़ी श्रृंखला तैयार की जा रही है। डॉ. अपूर्व पौराणिक और अन्य मेजबानों की गतिविधियाँ समाचारों से सम्बंधित प्रेस कटिंग्स यहाँ मिलेगी ।

टिपण्णी :-

यह वेबसाइट आपको कैसी लगी? आपने कौन-कौन से खण्ड देखे और कितने विस्तार से देखे? आपको क्या अच्छा लगा और क्या कम अच्छा लगा? कौन-सी विषयवस्तु छूट गई या कम प्रतीत हुई? क्या इसमें कोई तथ्यात्मक गलतियाँ मिली? बेझिझक ईमानदार समालोचना कीजिये। यूं हमें तारीफ से भी कोई तकलीफ नहीं है। इसे बहतर बनाने हेतु सुझाव दीजिये। हमसे आप क्या पूछ सकते हैं? व्यक्तिगत परामर्श नहीं। यह मत बताइये कि मुझे या मेरे घर में किसी को फलां-फलां तकलीफ है और आप इलाज बता दो। (This is not a place for personal consultation.) आप पूछ सकते हैं – सबकी रुचि के ऐसे प्रश्न जिनका उत्तर पढ़ कर बाकि पाठकों का ज्ञान और समझ बढ़ें। अखबारों या मीडिया में कभी-कभी समाचार छपते हैं जो पाठकों के मन में कौतुहल व प्रश्न पैदा करते हैं। हम उनका उत्तर देने की कोशिश करेंगे। 

बूझो न्यूरो क्विज़ :-

पाठक, श्रोता,दर्शक या भेंटकर्ता यदि न्यूरोलॉजी विषय में अपने ज्ञान का आत्मपरिक्षण करना चाहते हैं तो अनेक प्रश्नों का उत्तर देकर प्राप्तांक और सही उत्तर जान सकते हैं। बूझो न्यूरो क्विज़ में समय समय पर मासिक प्रतियोगिताएं होंगी तथा पुरूस्कार जीते जा सकेंगे ।

https://play.google.com/store/apps/details?id=com.bujho_quiz.www.twa&pcampaignid=web_share

एप डाउनलोड करें
https://play.google.com/store/apps/details?id=com.bujho_quiz.www.twa
इस वेबसाइट(जालस्थल) के मुख्य और सहयोगी मेजबानों का परिचय उपलब्ध है।

मेरी बिरादरी (My Community) :-

विभिन्न रोगों पर आधारित मरीज सहायता समूहों (Patient Support Group) के द्वारा चलाई जा रही गतिविधियों की सूचना है जो समय के साथ अद्यतन रखी जावेगी। अलग-अलग न्यूरोलॉजिकल बीमारियों से ग्रस्त मरीज, उसके परिजन तथा हितेषी इस वेबसाइट के माध्यम से अनेक काम कर सकते हैं: जैसे कि अपने पृथक समूह बनाना, सदस्य संख्या बढ़ाना, संपर्क की जानकारी उजागर रखना, अनुभवों को साझा करना, आगे के कार्यक्रमों की योजना बनाना, स्वयं के हितों की रक्षा हेतु नेतृत्व की पहल करना, एक दूसरे की मदद करना आदि। बहु प्रतीक्षित इस खंड पर कार्य किया जा रहा हैं, जल्द ही यह सारी सुविधाओं के साथ आपके लिए उपलब्ध होगा।

गतिविधियाँ / Events :-

डॉ. अपूर्व पौराणिक और उनकी टीम द्वारा समय-समय पर अनेक गतिविधियां संचालित करी जाती है तथा अनेकों में भागीदारी होती है। हाल ही में संपन्न हुए तथा भविष्य में होने वाले कार्यक्रमों की जानकारी के लिए दाई और के स्क्रोलिंग कॉलम को क्लिक करें।

अतिथि लेखक का स्वागत है :-

न्यूरो ज्ञान वेबसाइट पर कलेवर की विविधता और सम्रद्धि को बढ़ावा देने के उद्देश्य से अतिथि लेखकों का स्वागत हैं | कृपया इस वेबसाईट की प्रकृति और दायरे के अनुरूप अपने मौलिक एवं अप्रकाशित लेख लिख भेजिए, जो कि इन्टरनेट या अन्य स्त्रोतों से नक़ल न किये गए हो

<< नवीनतम >>


<< अन्य महत्वपूर्ण लेख >>

Skyscrapers
पूर्ण सूर्य ग्रहण – नियाग्रा से (डॉ. अपूर्व पौराणिक की एक रिपोर्ट)

Watch YouTube Video: https://youtu.be/gs4W0oyqWNg [एक आर्टिस्ट की कल्पना]  अमेरिका और कनाडा के स्थानीय समयों के अनुसार पूर्ण सूर्यग्रहण का अद्‌भुत…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
दृष्टि भ्रम (Visual illusion)

तुलसीदासजी अपनी पत्नी रत्नावली के प्रेम में पागल थे। घनघोर बारिश में उफनती नदी पार कर के घर में प्रवेश…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
सेवानिवृत्ति उदगार

कविवर सुमित्रानन्दन पन्त ने अपनी एक प्रसिद्ध रचना में कहा था ‘परिवर्तन ही जीवन का एक मात्र सत्य है। और सब बातें…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
रक्त का थक्का बनने से रोकने वाली अथवा रक्त को पतला करने वाली औषधियाँ ( Anti-Coagulant)

लकवा रोग (स्ट्रोक) के कुछ मरीजों में एन्टीकोआगुलेन्ट औषधियाँ दी जाती हैं| ये खून का थक्का (थ्रॉम्बस) बनने से रोकती…

विस्तार में पढ़िए


विभिन्न बीमारियों पर आधारित महत्वपूर्ण लेख >>

Skyscrapers
Agenesis of the Corpus Callosum

कॉर्पस कॉलोसम की एजेनेसिस (एसीसी) कॉर्पस कॉलोसम की एजेनेसिस (एसीसी) एक दुर्लभ जन्मजात विकार है, जिसमें मस्तिष्क के दो हिस्सों…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
मानसिक दुर्बलता (Mental Retardation)

बुद्धि और वाणी मनुष्य को अन्य प्राणियों से भिन्न करते हैं। इन क्षमताओं का विकास एक जटिल प्रक्रिया है। यह…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
मिर्गी क्या हैं एवं क्यों होती हैं ?

मिर्गी एक आम बीमारी है। लगभग दो सौ व्यक्तियों में से एक को होती है, अर्थात पूरे भारत में लगभग…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
माइग्रेन सिरदर्द

आज कोई भी परिवार सिरदर्द के नाम से अपरिचित नहीं है। शायद ही कोई परिवार ऐसा बचा हो जिसके किसी…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
मिर्गी के बड़े दौरे की प्राथमिक चिकित्सा

>>घबराएँ नहीं, हिम्मत बनाए रखें, मदद के लिये पुकारें परन्तु बदहवास से चीखें, चिल्लाएँ नहीं | ये दौरे दिखने में…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
सिर दर्द के विभिन्न प्रकार

सिरदर्द के बहुत से कारण होते हैं। और उसमें से कुछ प्रकार के हेडएक प्रायमरी हेडेक(प्राथमिक सिरदर्द) कहलाते हैं। जिनमें…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
Acute Disseminated Encephalomyelitis

ए्यूट डिसेमिनेटेड एन्सेफ़ेलोमाइलाइटिस (ADEM) ए्यूट डिसेमिनेटेड एन्सेफ़ेलोमाइलाइटिस (ADEM) एक दुर्लभ सूजन संबंधी ऑटोइम्यून विकार है, जो मस्तिष्क और रीढ़ की…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
रोकथाम/Prevention

उपचार से रोकथाम बेहतर है । Prevention is better than cure इस जुमले को बार-बार सुन कर चाहे बोर हो…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
माइग्रेन क्या हैं एवं क्या उपचार हैं ?

अनेक सिरदर्द ऐसे होते हैं जिनमें सिर का दर्द की एक मात्र लक्षण होता है। अन्य लक्षण गौण होते हैं…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
मिर्गी के दौरों के विभिन्न प्रकार

मिर्गी के दौरों के विभिन्न प्रकारों की सूचि सर्वव्यापी अकड़न झटके या बड़ा दौरा (ग्रा.माल) लघु दौरा (एबसान्स या पती-माल)…

विस्तार में पढ़िए

कुछ रोचक मरीज़ कथाएँ >>

Skyscrapers
चाँद का मुँह टेढ़ा है

कविराज और नाट्य लेखक अभिमन्यु ‘अकेला’ की पत्नी योशा अनिंदय सुंदरी व रंगमंच अभिनेत्री हैं। अपनी नायिका के सौंदर्य की तारीफ में चन्द्रमा…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
चाबी भरा खिलौना

चटखारे / (स्वचलन /ऑटोमेटिज्म) छुट्टी के दिन माँ के बनाए पकौड़ों की खुशबू से घर महक उठा था। सब छक…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
लड़की आँख मारे

प्रथम वर्ष की छात्रा विभा की ख्याति, कालेज में जल्दी फैल गई थी। बेहद सुन्दर थी, अमीर घराने की थी, एक से एक…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
भूत पांव

सुदर्शन, 66 वर्ष ने जब मेरे चैम्बर में प्रवेश करा तो उसकी चाल में थोड़ी सी लचक थी । मैंने…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
चेहरा ये खो जायेगा

जाने पहचाने अजनबी डॉक्टर्स की मीटिंग में सैंकड़ों लोगों से मिलना हो रहा है । “नमस्ते सर ! आप कैसे…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
भटका हुआ दुध वाला (कल आज और कल)

घनश्याम दूध वाले का धंधा अच्छा चलता था। मदनपुर के अनेक मोहल्लों और आसपास के गांव का चप्पा चप्पा मोटर…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
आधी दुनिया गायब

द्वारका प्रसाद जी को 73 वर्ष की उम्र में दिल का दौरा पड़ा था । एन्जियोप्लास्टी या बायपास की जरुरत…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
सत्य के चेहरे (बतायें या न बताएँ ?) – एकांकी

(मिर्गी के मरीजों और परिजनों के साथ डॉक्टर की मीटिंग) मंच पर एक मीटिंग का सेट लगा है। एक पोडियम…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
अरे कोई सुनो, मै बेहोश नही हूँ !

पंद्रह दिन के अवकाश के बाद मैं वार्ड में राउण्ड लेने पहुँचा। जूनियर डॉक्टर्स (रेसीडेण्ट्स) एक के बाद मरीजों के…

विस्तार में पढ़िए

कुछ महत्वपूर्ण लेख >>

Skyscrapers
न्यूरोसर्जरी की प्रगति (हुनर मगजमारी का)

आइए आपको न्यूरोसर्जन के ऑपरेशन थिएटर में ले चलते हैं। कैसी है उसकी कर्म स्थली? गंजे सिर किए हुए मरीज बाहर…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
न्यूरो साइंस (Neuro science)

1. मस्तिष्क की कार्यविधि – सूक्ष्म से गूढ़ तक (The working of brain from micro to macro) 2. मस्तिष्क /…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
पी.ई.टी. – पॉजिट्रान ईमिशन टोमोग्राफी

पी.ई.टी. का आविष्कार लगभग 20 से 30 वर्ष पहले हुआ था, लेकिन यह उतनी अधिक लोकप्रिय और उपयोगी नहीं हो…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
My Lecture in Epilepsy Conclave for Neurologists in Jaipur (07 July, 2024)

HUMANITIES AS AN AID FOR EPILEPSY AWARENESS AND EDUCATION Awareness and Education about Epilepsy are Important for All Target Groups…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
युगल पुरुस्कार समारोह (NAAMH, AIAMP) 2021

प्रतिवर्ष डॉ. अपूर्व पौराणिक द्वारा मेडिकल क्षेत्र में उत्र्क्रष्ठ कार्य करने वाले चिकित्सकों या चिकित्सा जगत से जुड़े महानुभावों को…

विस्तार में पढ़िए
Skyscrapers
नींद के विकासवादी और दार्शनिक पहलू (EVOLUTIONARY AND PHILOSOPHICAL ASPECTS OF SLEEP)

नींद के Evolutionary और Philosophical पहलुओं पर चर्चा की शुरुआत में मैं श्री हरि, भगवान विष्णु को प्रणाम करता हूँ।…

विस्तार में पढ़िए

न्यूरो ज्ञान

क्या आप न्यूरो ज्ञान को मोबाइल एप के रूप में इंस्टाल करना चाहते है?

क्या आप न्यूरो ज्ञान को डेस्कटॉप एप्लीकेशन के रूप में इनस्टॉल करना चाहते हैं?